जय भीम।
किसी भी देश के विकास के लिए महिला शिक्षा अत्यंत महत्वपूर्ण है। लड़कियों और महिलाओं को उचित संसाधन उपलब्ध कराना आवश्यक है ताकि वे शिक्षा को प्राप्त कर सके। भारत की प्रथम महिला शिक्षिका राष्ट्रमाता सावित्रीबाई फूले व फातिमा शेख जयंती समारोह के उपलक्ष्य में महिला शिक्षिका सम्मान समारोह का आयोजन शनिवार 3 जनवरी 2026, को डॉक्टर अंबेडकर पार्क, हरमाड़ा में होने जा रहा है।
डॉक्टर अम्बेडकर विचार मंच समिति की ओर से होने वाले इस समारोह की अध्यक्षता सीताराम बैरवा करेंगे। डॉक्टर अम्बेडकर विचार मंच समिति के जयपुर जिला अध्यक्ष महता राम काला ने शाइनिंग अंबेडकर टाइम्स को बताया कि सावित्रीबाई फूले और फातिमा शेख ने महिलाओं की शिक्षा को लेकर अलख जगाई।
सावित्रीबाई फूले और फातिमा शेख भारत की प्रथम महिला अध्यापिकाएं हैं। सावित्रीबाई फूले का जन्म 1831 में हुआ और उन्होंने 1848 में अपने पति महात्मा ज्योतिबा फूले से पढ़ना शुरू किया। महता राम काला ने बताया कि महात्मा ज्योतिबा फूले को लगा महिला काम करने वाली साथ में होगी तभी लड़कियों को शिक्षा दे सकते हैं।
फातिमा शेख महात्मा ज्योतिबा फूले के मित्र की बहन थी। इनको भी पढ़ाना शुरू किया। 1848 में पहला महिला विद्यालय खोला। सावित्रीबाई फूले ने अपने पति के सहयोग से 72 विद्यालय की शुरुआत की, प्रौढ़ शिक्षा केंद्र भी चालू किये।
सावित्रीबाई फूले की जयंती 3 जनवरी को पूरे देश में मनाई जाती है। डॉक्टर अम्बेडकर विचार मंच समिति के माध्यम से सावित्रीबाई फूले की जयंती अलग-अलग जगह पर आयोजित करते हैं और सरकारी व प्राइवेट विद्यालय की शिक्षिकाओं को सम्मान समारोह में शॉल और प्रमाण पत्र देकर उन्हें सम्मानित करते हैं।



