शानदार वास्तुकला, ऐतिहासिक इमारतों और अपनी रंगीन और खूबसूरत संस्कृति के कारण भारत का पेरिस नाम से पहचाने जाने वाले जयपुर के संस्थापक सवाई जयसिंह द्वितीय की जयंती श्री राजपूत सभा ने धूमधाम से आयोजित की।
सवाई जय सिंह जी की जयंती के अवसर पर श्री राजपूत सभा के मुख्यालय पर जयपुर स्थापना दिवस का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर सवाई जय सिंह जयन्ती प्रतिभा सम्मान समारोह आयोजित किया गया। साथ ही रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया जिसमें 190 से अधिक यूनिट रक्त संग्रहण हुआ।
समारोह की मुख्य अतिथि उपमुख्यमंत्री दीया कुमार जी थी वहीं विशिष्ठ अतिथि बानसूर विधायक देवी सिंह जी शेखावत थे। समारोह की अध्यक्षता राजपूत सभाध्यक्ष राम सिंह चन्दलाई ने की। कार्यक्रम का संचालन महामंत्री धीर सिंह शेखावत ने किया।
उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी जी ने कहा कि आज जयपुर स्थापना दिवस जयपुरवासियों के लिए बहुत महत्वपूर्ण दिवस है। उन्होंने कहां की अगले वर्ष से जयपुर की स्थापना के 300 वर्ष होने पर सरकार और समाज की और से कई महत्वपूर्ण आयोजन होंगे।
विधायक देवी सिंह जी ने कहां कि दूरदृष्टी और समय की परक और राजनीति में परिपूर्ण होने की वजह से जयसिंह जी को सवाई की उपाधि दी गईं। उन्होंने जयपुर शहर को ऐसे सुनियोजित तरीके से बसाया कि आज भी उसकी नकल करने का प्रयास किया जाता है।
सभाध्यक्ष चन्दलाई ने जयपुर संस्थापक सवाई जय सिंह के जीवन चरित्र एवं उनके बहुआयामी व्यक्तित्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि महाराजा सवाई जय सिंह एक दूरदर्शी, आदर्श, व लोकप्रिय राजा, वीर योद्धा, श्रेष्ठत्तम नगर नियोजक, कुशल प्रशासक, ज्योतिष विज्ञान के महान ज्ञाता थे।
सभाध्यक्ष राम सिंह चंदलाई ने बताया कि श्री राजपूत सभा के अन्तर्गत ढूंढाड क्षेत्र के 16 जिलों में समाज के चतुर्मुखी विकास के लिए विभिन्न रोजगारपरक शिक्षण-प्रशिक्षण, छात्र-छात्राओं के लिए हॉस्टलों की आवासीय सुविधा, महिला सशक्तिकरण-स्वरोजगार, उधमियों के स्वनिर्मित घरेलू एवं अन्य प्रकार के उत्पादों के क्रय विक्रय के प्रोत्साहन और सुविधा हेतु प्रति वर्ष दीपावली पर चार दिवसीय मेला प्रदर्शनी एवं सामूहिक विवाह सम्मेलन का आयोजन करती है।
इस अवसर पर सामाजिक सेवा के विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रतिभाओं और आईइकंस यथा समाजसेवी, प्रशासनिक अधिकारी, प्रोफेसनल, डॉक्टर्स, वकील, उधोगपति क्षेत्र में समाज रत्नों का सम्मान किया गया। इसी कड़ी में सेवानिवृत न्यायाधीश चन्द्र प्रकाश सिंह जी चौहान, प्रोफेसर डाक्टर पुष्पेन्द्र सिंह जी चौहान, उपकुलपति श्री कर्ण नरेन्द्र कृषि विश्वविद्यालय, जोबनेर, गज सिंह जी अलसीसर, राजेंद्र सिंह जी पचार, सेवानिवृत आई ए एस राजेन्द्र सिंह शेखावत जी, ए सीपी सुरेन्द्र सिंह जी राणावत, उप अधीक्षक डाक्टर संजय सिंह जी शेखावत, डाक्टर मूल सिंह शेखावत, डाक्टर जितेन्द्र सिंह जी निर्वाण, डाक्टर धनंजय सिंह जी शेखावत, उमराव सिंह जी सोलंकी, बहादुर सिंह जी शक्तावत, एडवोकेट गजेन्द्र सिंह जी राठौड़, नरेन्द्र सिंह जी निभैड़ा, गंगा सिंह जी गौतम, बृजराज जी राजावत, जयकीर्ति सिंह जी राठौड़, डाक्टर सुमन नरूका, विनोद सिंह जी चौहान का बहुमान किया गया।
सभाध्यक्ष राम सिंह जी चन्दलाई, महामंत्री धीर सिंह जी शेखावत, कोषाध्यक्ष प्रधुमन सिंह जी मुण्डरू, संगठनमंत्री अजयपाल सिंह जी पचकोड़िया, सहमंत्री पृथ्वी सिंह जी कालीपहाड़ी ने बूके, माला, शॉल, साफा व प्रतीक चिन्ह भेंट अतिथियों का बहुमान किया।
श्री राजपूत सभा जिला इकाईयों से पधारे सभी नवनिर्वाचित जिला अध्यक्षों को उनके निर्वाचित सर्टिफिकेट उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी जी के कर कमलों द्वारा प्रदान किए गये। जिसमें जयपुर शहर अध्यक्ष महेन्द्र प्रताप सिंह जी, जयपुर देहात अध्यक्ष भरत सिंह जी महेशवास, दौसा अध्यक्ष कुबेर सिंह जी, सवाई माधोपुर अध्यक्ष दीपक सिंह जी नरूका, सीकर अध्यक्ष राम सिंह जी पिपराली, झुन्झुनु अध्यक्ष कैप्टन जयवीर सिंह जी शेखावत कालीपहाडी, धौलपुर अध्यक्ष रामवीर जी सिंह भरकुंजरा, अजमेर अध्यक्ष महेन्द्र सिंह जी ढ़ोस, टॉक अध्यक्ष मदन सिंह जी चौहान, अलवर अध्यक्ष सुरजभान सिंह जी गोड़, भरतपुर अध्यक्ष रेवेन्द्र सिंह जी पना, कोटपूतली बहरोड़ अध्यक्ष सुरेश सिंह जी शेखावत आदि शामिल रहें।
केन्द्र एवं राज्य की सरकारी नौकरियों में चयनित अभ्यार्थियों, अंतराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय खिलाडियों, एन ई ई टी उत्तीण छात्र-छात्राओं, वाणिज्य, कला एवं विज्ञान के मेधावी स्नातक छात्र, छात्राएँ एवं 12वीं के 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले छात्र-छात्राओं का भी सवाई जय सिंह जी जयंती के अवसर पर सम्मान किया गया।
इस अवसर पर संगठन मंत्री अजयपाल सिंह जी पचकोडिया, सहमंत्री पृथ्वी सिंह जी कालीपहाडी, कोषाध्यक्ष प्रधुमन सिंह जी मूण्डरू, अजय वीर सिंह जी जीरोता, एडवोकेट ऊधौ सिंह जी, गोपाल सिंह जी रोजदा, जोगेन्द्र सिंह जी सावरदा, योगेन्द्र सिंह जी मेघसर, वीरेन्द्र पाल सिंहजी , श्रवण सिंह जी चौहान लवाण, डाक्टर सुमन कंवर जी बाबरा, एडवोकेट सुरेन्द्र सिंह जी नरूका , हर्षवर्धन सिंह जी शेखावत, श्री भवानी निकेतन शिक्षा समिति सचिव सुदर्शन सिंह जी सुरपुरा, सम्पत सिंह जी धमोरा, गुलाब सिंह जी मेड़तिया, महेन्द्र सिंह जी जैसास, भारतीय क्षत्रिय महासंघ अध्यक्ष चैन सिंह जी राठौड़, प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता जितेन्द्र सिंह जी नरूका, सभी जिलों, तहसील एवं ग्राम इकाईयों के पदाधिकारीगण, समाज के गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
अंत में प्रोफेसर पुष्पेन्द्र सिंह जी चौहान के उद्धबोधन के उपरान्त महामंत्री धीर सिंह शेखावत ने सभी पधारे महानुभावों, मातृशक्ति एवं सम्मानित लोगों को धन्यवाद ज्ञापित किया।